The Story of Two Families(Hindi&Tulugu)..
एक गाँव में बालक नाम का लड़का रहता था। वह एक गरीब परिवार में जन्मा था। उसका जीवन सादा था, लेकिन सपनों से भरा हुआ। उसके माता-पिता ने, तमाम मुश्किलों के बावजूद, शिक्षा की ताकत में विश्वास किया और जो थोड़ी-बहुत बचत थी और रिश्तेदारों से उधार लेकर उसे शहर भेज दिया। शहर उसके लिए एक अलग ही दुनिया थी — ऊँची इमारतें, व्यस्त सड़कें, और हमेशा जल्दी में रहने वाले लोग। बालक को कॉलेज की लाइब्रेरी और लेक्चर हॉल में सुकून मिला। वह मेहनत से पढ़ाई करने लगा, अपने परिवार की किस्मत बदलने का संकल्प लेकर। एक दिन उसकी मुलाकात बालिका से हुई — वह भोली थी और शांत स्वभाव की। वह भी गाँव से ही आई थी। दोनों की दोस्ती नोट्स और प्रोजेक्ट्स में मदद से शुरू हुई। धीरे-धीरे यह दोस्ती प्यार में बदल गई। जब उन्होंने शादी का फैसला किया, तो उन्हें लगा कि उनका प्यार हर दीवार को पार कर जाएगा — जाति, वर्ग, पृष्ठभूमि। लेकिन असल ज़िंदगी इतनी आसान नहीं थी। सालों तक दोनों परिवारों में झगड़े होते रहे। हर असफल बातचीत के बाद चुप्पी और दर्द रह जाते। फिर भी बालक और बालिका डटे रहे — चिट्ठियाँ लिखते रहे, संदेश भेजते रहे, छुपकर मिल...